गोरखपुर: राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने जनपद गोरखपुर स्थित 26वीं पीएसी बटालियन, पुलिस प्रशिक्षण केंद्र का भ्रमण किया। इस अवसर पर राज्यपाल ने “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के अंतर्गत पौधरोपण भी किया।
26वीं पीएसी बटालियन पुलिस प्रशिक्षण केंद्र में पहुँचकर राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने महिला आरक्षियों से संवाद किया और उन्हें आत्मनिर्भर व निडर बनने का संदेश दिया।
राज्यपाल ने निरीक्षण के दौरान महिला रिक्रूट को दिया संदेश:
राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने महिला रिक्रूट से संवाद के दौरान कहा कि आज उत्तर प्रदेश की बेटियां हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं और कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में भी उनका योगदान प्रदेश के भविष्य को और सुरक्षित बना रहा है।
उन्होंने महिला आरक्षियों से कहा कि उन्हें अपनी मेहनत और लगन से ऐसी पहचान बनानी है, जिससे समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान और सुरक्षा का माहौल और सुदृढ़ हो।
राज्यपाल ने उदाहरण देते हुए कहा कि जिस प्रदेश में कभी महिलाएं शाम ढलते ही घर से निकलने में डरती थीं, आज वहीं मजबूत कानून-व्यवस्था के कारण बेटियां देर रात भी सुरक्षित महसूस कर रही हैं।
यह बदलाव महिला पुलिस बल की बढ़ती भागीदारी से और गहरा होगा। भ्रमण के दौरान राज्यपाल ने भोजनालय का निरीक्षण किया और सुझाव दिया कि सामूहिक रूप से खाना बनाने और खाने की परंपरा से सहयोग और एकता की भावना और प्रगाढ़ होगी।

उन्होंने महिला आरक्षियों के स्वास्थ्य पर भी विशेष ध्यान देने की बात कही, ताकि उनका प्रशिक्षण और प्रभावी हो सके। राज्यपाल ने दहेज प्रथा जैसी सामाजिक बुराइयों का उल्लेख करते हुए कहा कि आज की आत्मनिर्भर बेटियां इस कुरीति को नकार कर समाज में नया परिवर्तन ला रही हैं।
उन्होंने यह उम्मीद भी जताई कि जिस तरह उत्तर प्रदेश के बेटे अंतरिक्ष में भारत का नाम रोशन कर रहे हैं, उसी तरह शीघ्र ही कोई बेटी भी अंतरिक्ष यात्रा में शामिल होगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत के सपने को साकार करने में बेटियां सक्रिय भागीदारी और निर्णायक भूमिका निभायेंगीं।
Read this also: उपराष्ट्रपति पद के लिए एनडीए ने किसे बनाया उम्मीदवार ?













