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सपा कार्यालय पर ताला लगाने की तैयारी, 31 साल बाद प्रशासन की बड़ी कार्रवाई!

मुरादाबाद। समाजवादी पार्टी को बीते मंगलवार को बड़ा झटका लगा, जब जिला प्रशासन ने सपा कार्यालय का आवंटन निरस्त कर दिया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सपा जिलाध्यक्ष को कार्यालय दो सप्ताह के भीतर खाली करना होगा।

समय सीमा का पालन न करने पर प्रतिदिन एक हजार रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा।

जिला प्रशासन ने विगत 30 जुलाई को जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह यादव को नोटिस जारी कर एक महीने में कोठी खाली करने का निर्देश दिया था। इस पर जिलाध्यक्ष ने 28 अगस्त को अपना पक्ष रखा

पक्ष सुनने के बाद भी जिला प्रशासन ने शासनादेश का हवाला देते हुए आवंटन को अवैध करार दिया और निरस्तीकरण का निर्णय सुनाया।

सपा कार्यालय 31 साल से हो रहा संचालित-

शासनादेश के अनुसार किसी भी आवासीय या व्यवसायिक भवन का आवंटन 15 वर्ष से अधिक समय तक नहीं रह सकता। बावजूद इसके मुरादाबाद में कोठी नंबर-4 पर सपा का कार्यालय पिछले 31 सालों से संचालित हो रहा था। यह कोठी ग्राम छावनी की नजूल भूमि पर स्थित है, जिसकी देखरेख नगर निगम मुरादाबाद करता है।

आपको बताते चलें कि सपा को यह कार्यालय 1994 में तत्कालीन मुख्यमंत्री और सपा अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव को शासन के आदेश पर मात्र 250 रुपये मासिक किराये पर आवंटित किया गया था। प्रशासन का कहना है कि मुलायम सिंह यादव के निधन के बाद कार्यालय के नामांतरण को लेकर पार्टी की ओर से न तो कोई कानूनी पहल की गई और न ही प्रशासनिक औपचारिकताएँ पूरी की गईं।

मुरादाबाद जिलाधिकारी अनुज सिंह ने कहा की ‘नियमानुसार आवंटन निरस्त किया गया है। कोठी खाली करने के लिए दो सप्ताह का समय दिया गया है। यदि समय पर अनुपालन नहीं हुआ तो हर्जाना वसूला जाएगा।’

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वहीं, सपा जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह यादव का कहना है कि उन्हें इस संबंध में कोई नोटिस नहीं मिला है। उन्होंने कहा, “हमें इस फैसले की जानकारी मीडिया से मिली है। जैसे ही नोटिस प्राप्त होगा, पार्टी उचित कानूनी कदम उठाएगी।”

फिलहाल प्रशासन की इस कार्यवाही के बाद जिले की सियासत गरमा गई है और माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीति और तेज हो सकती है।

रिपोर्टिंग- टीम द मीडिया वॉइस